बिहार——
जे.पी.श्रीवास्तव, बिहार
पटना:पता चला है कि बिहार के शेखपुरा जिला के एसपी कार्तिकेय के शर्मा ने पूरे गश्ती दल को निलंबित कर दिया है। बताया जाता है कि शेखपुरा काॅलेज मोड़ पर पुलिस पेट्रोलिंग टीम रात के समय ट्रक चालकों से वसूली कर रहे थे। तभी अचानक एसपी कार्तिकेय के शर्मा वहां पहुंच गए और वहां का नजारा देख भौंचक रह गए। ट्रक चालकों से राशि की वसूली करते उन्होंने स्वयं देखा और पूरी टीम को सस्पेंड कर दिया। निलंबित होने वालों में एक एएसआई और तीन जवान शामिल हैं। इनपर विभागीय कार्यवाही भी चलेगी।
एसपी के इस सख़्त कार्रवाई से पुलिस महकमे एक संदेश अवश्य गया होगा कि गलत काम करने वाले की गुंजाइश उस जिला में नहीं है। जिस समय गश्ती पुलिस रात के अंधेरे में अपनी जेब गर्म कर रहे थे उस समय उनको इस बात की जरा भी आशंका नहीं रही होगी कि जिले के पुलिस कप्तान सादे लिबास में शहर में कानून व्यवस्था की स्थिति जानने के लिए निकल पड़ेंगे। पुलिस कप्तान जब शेखपुरा काॅलेज मोड़ के पास पहुंचे तो गाड़ियों की लम्बी कतार देखकर उनका माथा ठनका। चूंकि एसपी सादे लिबास में थे इस कारण पुलिस गश्ती दल उन्हें पहचान नहीं पाई। नतीजा यह हुआ कि एसपी ने अपनी आंखों से अवैध वसूली का नजारा देख लिया। फिर तो कार्रवाई सुनिश्चित थी। गश्ती दल में शामिल एक एएसआई उपेन्द्र कुमार सिंह और तीन जवानों को निलंबित कर दिया गया है। इस मामले में विभागीय कार्रवाई भी हो सकती है।
पुलिस अधीक्षक ने इसके पहले भी इस तरह की कार्रवाई शेखपुरा में कर चुके हैं। बताया जाता है कि रात में टाटी पुल पर वाहनों से वसूली करते पुलिस की पेट्रोलिंग पार्टी को एसपी ने खुद पकड़ा था। लेकिन इसका कोई डर-भय जिले में पदस्थापित वैसे पुलिस कर्मियों पर नहीं पड़ा जो रात में पेट्रोलिंग की ड्यूटी करते हैं। नहीं तो इस तरह की घटना की पुनरावृत्ति नहीं होती।




